




बीते वर्ष की तुलना में इस वर्ष एक लाख अधिक पर्यटकों की राफ्टिंग
ऋषिकेश,उत्तराखंड:
गंगा में मंगलवार से राफ्टिंग का रोमांच थम गया। अब गंगा का जलस्तर सामान्य रहा तो एक सितंबर में फिर राफ्टिंग शुरू होगी। इस सीजन में 3.83 लाख पर्यटकों ने राफ्टिंग की। पिछले सीजन के मुकाबले इस बार पर्यटकों की संख्या एक लाख से अधिक है। 2022 के बाद यह पहला मौका है जब राफ्टिंग तीस जून तक चली।

गंगा में राफ्टिंग गतिविधियों की निगरानी गंगा नदी राफ्टिंग प्रबंधन समिति करती है। नियमावली के अनुसार अगर मानसून की वर्षा पहले शुरू हो जाती है तो राफ्टिंग को निर्धारित समय से पूर्व बंद कर दिया जाता है। इस साल अब तक मानसून की गति धीमी रही है और वर्षा कम हुई है। पिछले साल वर्षा अधिक होने पर 24 जून को राफ्टिंग गतिविधियों पर रोक लगा दी गई थी। अगर मानसून की वर्षा देर से भी होती है तो नियमों के अनुसार तीस जून को राफ्टिंग बंद कर दी जाती है। उसके बाद जुलाई और अगस्त माह में राफ्टिंग पूरी तरह बंद रहती है। पंद्रह सितंबर के आसपास राफ्टिंग फिर खोल दी जाती है। गंगा नदी राफ्टिंग प्रबंधन समिति के सचिव व जिला साहसिक पर्यटन अधिकारी टिहरी जसपाल चौहान ने बताया कि राफ्टिंग के लिए नियमावली बनी है। तीन जून को मानसून अवधि के लिए राफ्टिंग बंद कर दी जाती है। मंगलवार को शाम साढ़े छह बजे तक राफ्टें गंगा में रहेंगी। उसके बाद अगले दो माह के लिए इस पर रोक लगा दी जाएगी। सितंबर में राफ्टिंग फिर से खोल दी जाएगी। राफ्टिंग पंद्रह सितंबर के आसपास खुलती है। यह गंगा के जल स्तर पर निर्भर करता है। इस सीजन में लगभग 3,83 लाख पर्यटकों ने राफ्टिंग की। पिछले सीजन में यह संख्या 2,64379 थी। 2022 के बाद इस साल यह पहला मौका है जब राफ्टिंग अपने निर्धारित समय तीस जून तक चली। इसके बीच के सालों में राफ्टिंग वर्षा पहले होने के कारण समय से पहले बंद करा दी गई थी।
————-
एशोसिएशन ने किया पूजन
राफ्टिंग के निर्विघ्न समापन पर राफ्टिंग एशोसिएशन की ओर से भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। सभी सदस्यों ने गंगा के किनारे स्वच्छता अभियान चलाया। विधिवत पूजा अर्चना के साथ भंडारे का भी आयोजन किया गया।
