




– संसद भट्ट ने केंद्र सरकार से की संबंधित क्षेत्र को राजस्व ग्राम घोषित करने की मांग
– सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत ने की वन मंत्री भूपेंद्र यादव से मुलाकात
दिल्ली/देहरादून
ऋषिकेश के बापू ग्राम और आसपास क्षेत्र के लोगों पर आशियाना खाली करने की तलवार लटकी हुई है। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर वन विभाग ने खाली भूमि को अपने संरक्षण में ले लिया है। इस मामले में भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष व राज्यसभा सदस्य महेंद्र भट्ट ने मंगलवार को राज्यसभा में यह मामला प्रमुखता के साथ उठाया। केंद्र सरकार से मामले में हस्तक्षेप कर संबंधित क्षेत्र को राजस्व ग्राम बनाने की मांग रखी।
मंगलवार को राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट ने सदन में बापुग्राम क्षेत्र में चल रही वन विभाग भूमि विवाद को लेकर दृढ़ता से अपनी बात रखी। उन्होंने पुरजोर तरीके से जनता को इस स्थायित्व और क्षेत्र को राजस्व ग्राम घोषित करने की मांग उठाई।
महेंद्र भट्ट बताया कि पिछले 7 दशकों से हजारों परिवार उस क्षेत्र में रह रहे हैं और करोड़ों रुपए का राजस्व नगर निगम को प्राप्त होता है।
इतना ही नहीं सरकार की कई महत्वपूर्ण योजनाओं भी क्षेत्र में गतिशील हैं। ऐसे में यह सरकार का दायित्व है कि जनता को स्थायित्व प्रदान किया जाए।
वही दूसरी ओर हरिद्वार लोकसभा के संसद पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत, बापू ग्राम बचाओ संघर्ष समिति के संयोजक राजेश जुगरान के साथ एक प्रतिनिधि मंडल ने कल केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव से भी मुलाकात की।
अब यह स्पष्ट रूप से दिखने लगा है कि क्षेत्र के प्रतिनिधि जनता की समस्याओं को लेकर काफी गम्भीर नजर आ रहे हैं और लगातार जनता की आवाज बनकर सरकार तक जा रहे हैं।
राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट जी ने जिस प्रकार इस मुद्दे को सदन में उठाया उससे यह साफ जाहिर हो गया है कि वह इस समस्या को लेकर काफी संजीदा हैं।
