




ऋषिकेश: वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे के नेतृत्व में टिहरी पुलिस का ‘मिशन मुस्कान’ आमजन के चेहरों पर खुशी की वजह बना हुआ है। आधुनिक तकनीक और संवेदनशील पुलिसिंग का उत्कृष्ट उदाहरण पेश करते हुए जनपद पुलिस ने वर्ष 2026 के दौरान कुल 147 गुमशुदा मोबाइल फोन सफलतापूर्वक बरामद कर उनके वास्तविक स्वामियों को सुपुर्द कर दिए हैं। बरामद किए गए इन सभी मोबाइलों का अनुमानित बाजार मूल्य 25 लाख रुपए से अधिक आंका गया है।

ढालवाला मुनिकीरेती पुलिस चौकी में आयोजित कार्यक्रम में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे ने मोबाइल उनके स्वामियों को दिए। उन्होंने बताया कि बरामद फोन में से 46 मोबाइल भारत सरकार के सीईआईआर (Central Equipment Identity Register) पोर्टल के माध्यम से देश के विभिन्न राज्यों से ट्रेस कर बरामद किए गए। वहीं, अन्य 101 मोबाइल फोन स्थानीय नागरिकों और टिहरी घूमने आए देश के अलग-अलग राज्यों के पर्यटकों के थे।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे के अनुसार टिहरी भ्रमण के दौरान जिन पर्यटकों के मोबाइल खो गए थे और वे अपने गृह राज्य लौट चुके हैं, पुलिस उनसे संपर्क कर कूरियर सेवा के माध्यम से सुरक्षित उनके घर मोबाइल भेज रही है।
एसएसपी श्वेता चौबे ने बताया कि किसी व्यक्ति का मोबाइल केवल एक उपकरण नहीं, बल्कि उसकी भावनात्मक यादों, जरूरी दस्तावेजों और निजी जानकारियों का खजाना होता है। अपराधियों पर कार्रवाई के साथ-साथ आम जनता का विश्वास जीतना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
सीईआईआर पोर्टल पर ब्लॉक करें फोन
टिहरी पुलिस ने जनता से अपील की है कि मोबाइल गुम या चोरी होने पर घबराएं नहीं। तत्काल नजदीकी थाने में सूचना दें और केंद्र सरकार के सीईआईआर पोर्टल पर इसे ब्लॉक कराएं। इससे फोन का दुरुपयोग रुकता है और बरामदगी की संभावना बढ़ जाती है। अपना खोया हुआ कीमती फोन वापस पाकर कई मोबाइल स्वामी भावुक हो उठे और उन्होंने टिहरी पुलिस की तकनीकी दक्षता व इस मानवीय पहल की मुक्त कंठ से सराहना की। इस मौके पर पुलिस क्षेत्राधिकारी एमएस भंडारी, कोतवाली प्रभारी निरीक्षक प्रदीप चौहान, सीआईयू प्रभारी ओमकांत भूषण आदि मौजूद रहे।
